UPSC Exam Preparation Tips in hindi - UPSC की तैयारी कैसे शुरू करें? जानिये कुछ महत्वपूर्ण टिप्स

 




UPSC सिविल सेवा परीक्षा भारत की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षाओं में से एक है। हर साल देश भर में लाखों लोगों द्वारा इसके लिए प्रयास किया जाता है। हालांकि, उनमें से केवल एक छोटा सा अंश ही उनकी IAS महत्वाकांक्षाओं को पूरा करने में सक्षम हो पाता है।

 

संघ लोक सेवाआयोग  (Union Public Service Commission-UPSC) क्या है? संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) भारत की एक केंद्रीय एजेंसी है, जो विभिन्न परीक्षाओं का आयोजन करती है, जैसे कि सिविल सेवा परीक्षा (CSE), IFS, NDA, CDS, SCRA आदि। सिविल सेवा परीक्षा को IAS परीक्षा के रूप में जाना जाता है और इसमें लगभग 24 सेवाएँ शामिल हैं, जैसे- IFS, IPS, IRS, IRPS इत्यादि।

UPSC सिविल सेवा परीक्षा भारत की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षाओं में से एक है। हर साल देश भर में लाखों लोगों द्वारा इसके लिए प्रयास किया जाता है। हालांकि, उनमें से केवल एक छोटा सा अंश ही उनकी IAS महत्वाकांक्षाओं को पूरा करने में सक्षम हो पाता है। IAS परीक्षा केवल अपने पाठ्यक्रम की लंबाई के संदर्भ में चुनौतीपूर्ण है, बल्कि इसकी अत्यधिक अप्रत्याशित प्रकृति के कारण भी यह चुनौतीपूर्ण है। संघ लोक सेवाआयोग  (CSE) को सभी लिखित परीक्षाओं की जननी माना जाता है।


यूपीएससी परीक्षा के चरण:-

जैसा कि आप जानते हैं, UPSC सिविल सेवा परीक्षा में तीन चरण होते हैं- Prelims, Mains और Interview पहला चरण प्रारंभिक परीक्षा है। इसलिए, यहाँ यह जानना आवश्यक है कि यूपीएससी प्रारंभिक परीक्षाओं की प्रभावी तैयारी कैसे करें!


 UPSC परीक्षा की तैयारी कैसे करें?

1. पूरा सिलेबस कवर करें

सिलेबस को व्यापक रूप से कवर किया जाना चाहिए. किसी भी हिस्से को हल्के में नहीं छोड़ा जाना चाहिए, चाहे पिछले रुझान कुछ भी हों. यूपीएससी का सिलेबस बड़ा है और परीक्षा में किसी भी विषय से सवाल सकता हैं, इसीलिए पूरे सिलेबस को अच्छे से पढ़ना बेहद जरूरी है. परीक्षा में प्राचीन भारत से कई सवाल आते हैं.

2. मॉक टेस्ट की मदद लें

सिलेबस को कवर करने के बाद, मॉक टेस्ट को प्रैक्टिस किया जाना चाहिए. मॉक की संख्या वाजिब होनी चाहिए. बहुत सारे टेस्ट आपकी कीमती ऊर्जा को खत्म कर देंगे और बहुत कम संख्या आपको परीक्षा के लिए तैयार नहीं कर सकेगी. मॉक टेस्ट के बाद विश्लेषण एक जरूरी अभ्यास है. अच्छे प्रदर्शन से उत्साह नहीं आना चाहिए और खराब प्रदर्शन से निराशा नहीं होनी चाहिए. बस अपने आप को लगातार बेहतर बनाने की दौड़ में दौड़ें.

3. प्रॉपर रिवीजन करें

प्रीलिम्स का सिलेबस काफी बड़ा और बिखरा हुआ है. कवरेज से अधिक, संपूर्ण सिलेबस को रिवाइज करना महत्वपूर्ण है. इसलिए, रिवीजन उचित और समयबद्ध दोनों होना चाहिए. सिलेबस के कवरेज और कवर किए गए हिस्से के रिवेजन में एक अच्छा संतुलन होना चाहिए.

4. नोट्स बनाएं

बिना उचित नोट्स बनाए यूपीएससी के सिलेबस को गुणवत्ता के साथ कवर नहीं किया जा सकता. नोट्स एक उचित प्रारूप में बनाए जाने चाहिए ताकि उम्मीदवारों के लिए इसे याद रखना और पुन: प्रस्तुत करना आसान हो. नोट्स बहुत भारी नहीं होने चाहिए और इसलिए नोट्स का उद्देश्य हमेशा ध्यान में रखना चाहिए.

5. एक महीने पहले नए विषय को एक्सप्लोर करने से बचें

प्रीलिम्स से पहले का आखिरी महीना किसी भी नए विषय को कवर करने के लिए नहीं दिया जाना चाहिए जब तक कि यह अत्यंत और असाधारण रूप से महत्वपूर्ण हो. आखिरी के महीने को विशेष रूप से रिवीजन के लिए रखा जाना चाहिए.

 

6. CSAT को गंभीरता से लें

CSAT को हल्के में लेने पर भारी कीमत चुकानी पड़ सकती है. जो लोग सीसैट के लिए पूरी तरह से नौसिखिए हैं, उन्हें इसे सामान्य अध्ययन के बराबर रखना चाहिए. जो उम्मीदवार इनके मुकाबले एडवांस्ड स्थिति में हैं, उन्हें भी इसे गंभीरता से लेना चाहिए. कम से कम पिछले वर्षों के पेपर छूटने नहीं चाहिए.

7. पिछले सालों के पेपर की मदद लें

पिछले वर्ष के पेपर तैयारी के लिए रडार की तरह होने चाहिए जो आपकी तैयारी को दिशा प्रदान करते हैं. आपके बेसिक नॉलेज को बढ़ाने के अलावा, पिछले वर्ष के पेपर आपके मानसिक दृष्टिकोण को बनाने में मदद करते हैं. यह आपके सामान्य ज्ञान को बढ़ाता है और विकल्पों को खत्म करने में आपकी मदद करता है.

8. करेंट अफेयर्स पर जरूर करें फोकस

इस परीक्षा में करेंट अफेयर्स एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है. करेंट अफेयर्स की तैयारी के लिए आपको सलाह दी जाती है कि आप रोजाना अखबार पढ़ें. साथ ही साप्ताहिक और मासिक करेंट अफेयर्स ऑनलाइन या किसी किताब की मदद से पढ़ें.


तैयारी में ढील नहीं

आपको यह बात गांठ बांध लेनी चाहिये कि चाहे वह प्रारंभिक परीक्षा हो या मुख्य परीक्षा या फिर अंतिम चयन ही क्यों हो, कटऑफ मार्क्स के कम होने की उम्मीद बिल्कुल नहीं करनी चाहिए। पिछली बार के परीक्षा परिणाम इस तथ्यों को प्रमाणित भी करते हैं, इसलिए बेहतर होगा कि आप अपनी तैयारी में किसी भी तरह की कोई ढील दें, पूरी मेहनत से अपने पाठ्यक्रम की तैयारी करें, जिससे आप दूसरों से बेहतर कर सकें।

 सुखसुविधाओ से बाहर आये !

कड़ी मेहनत और समर्पण के बिना कोई सफलता पाना संभव नहीं है, आपको सफलता के लिए अपनी सुख सुविधा के क्षेत्र से बाहर निकलना होगा और अपने हित के लिये आवश्यक कदम उठाने होंगे। आपके पास जो कुछ भी नहीं है उसके बारे में शिकायत करने के बजाय, आपके पास अभी जो कुछ है उसके लिए सदैव ईश्वर के आभारी रहें। यदि आप अच्छे मन और शरीर के हैं, तो आप निश्चित रूप से इस परीक्षा को उत्तीर्ण करने में सक्षम रहेंगे। आपको केवल सही दृष्टिकोण और आत्मविश्वास की आवश्यकता है, इसलिये हमेशा सकारात्मक और आदर्शवादी रहें